ऐसा क्या हुआ था जो वह क्रूर बन गया, पिता को कोर्ट ने डाला आजीवन सलाखों में

ऐसा क्या हुआ था जो वह क्रूर बन गया, पिता को कोर्ट ने डाला आजीवन सलाखों में

मोहम्मद इलियास/उदयपुर
पत्नी पर चरित्र शंका में दो साल की मासूम पुत्री की हत्या करने वाले आरोपी को न्यायालय ने आजीवन कारावास और 10 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई।धानमंडी थाने क्षेत्र में 13 अक्टूबर 2015 को हेमलता ने पति नयावास सुजानगढ़ चुरू हाल जोगपोल उदयपुर निवासी रामनिवास पुत्र भंवरलाल गुर्जर के खिलाफ दो साल की पुत्री धु्रवी की हत्या का मामला दर्ज करवाया था। धु्रवी का यहां जोगपोल में किराए के मकान के बाहर ही रैलिंग पर दुपट्टा (स्टोल) से लटका हुआ शव मिला था।पुलिस ने हेमलता की रिपोर्ट पर आरोपी रामनिवास को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ आरोप पत्र पेश किया। सुनवाई के दौरान अपर लोक अभियोजक संदीप श्रीमाली ने आवश्यक साक्ष्य व दस्तावेज पेश किए। आरोप सिद्ध होने पर अपर जिला एवं सेशन न्यायालय क्रम-4 के पीठासीन अधिकारी धीरज शर्मा ने आरोपी रामनिवास को धारा 302 में आजीवन कारावास और 10 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई।न्यायालय ने निर्णय में लिखा कि आरोपी ने पत्नी के चरित्र पर शंका करते हुए अपनी ही पुत्री को मकान की रैलिंग पर स्टॉल से लटकाकर हत्या कारित करने का ऐसा अपराध किया, जो कि एक पिता के लिए कलंक है। ऐसी स्थिति में समस्त तथ्यों, परिस्थितियों को दृष्टिगत रखते हुए दंडित किया जाना न्यायोचित है।

तलाक के बाद की थी कोर्ट मेरिज
परिवादी हेमलता ने रिपोर्ट में बताया कि उसकी शादी 12 साल पहले पिन्टू साहू से हुई थी, जिससे एक पुत्र लोकेश साहू का जन्म हुआ। पति से तलाक होने के बाद उसने चार साल पहले रामनिवास गुर्जर से कोर्ट मेरिज की, वह उसे सुजानगढ़ गांव लेकर गया, जहां तीन साल तक रखा। उससे एक पुत्री धु्रवी का जन्म हुआ। कुछ समय बाद ही दोनों उदयपुर आ गए और यहीं पर रहने लगे। इस बीच पति गांव आता-जाता रहा। घटना से एक माह पहले दोनों जोगपोल में शेषमल जैन के मकान में कमरा किराया लेकर रहने लगे।पत्नी को पड़ोसियों ने दी सूचनाहेमलता का कहना है कि पति उस पर चरित्र शंका करते हुए छोटी-छोटी बात पर झगड़ा करते हुए पुत्री धु्रवी को मारने की धमकी देता था। 12 अक्टूबर 2015 की रात करीब 8 बजे पति ने झगड़ाकर धक्का-मुक्की की। आधे घंटे बाद ही वह पुत्री ध्रुवी को साथ लेकर गांव जाने का कहते हुए चला गया। कुछ देर बाद वापस कमरे पर आया तो उसके साथ ध्रुवी नहीं थी। पूछने पर सही जवाब नहीं दिया, पुन: मारपीट कर जान से मारने की धमकी देता हुआ चला गया। परिवादिया का कहना है कि वह भी डर के मारे मामा जुगल किशोर के साथ लखारा चौक चली गई। रात्रि करीब 1.30 बजे पति ने हेमलता को कॉल कर फिर से धमकी दी। सुबह 6.30 बजे पड़ोसियों ने बताया कि उसकी पुत्री धु्रवी का शव मकान की रैलिंग पर स्टोल से लटका है।



Patrika

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